खरीदें बनाम लीज: कौन सा बेहतर है?
कार खरीदने या लीज पर लेने का निर्णय आपकी वित्तीय स्थिति, ड्राइविंग आदतों और व्यक्तिगत प्राथमिकताओं पर निर्भर करता है। हमारा खरीदें बनाम लीज कैलकुलेटर दोनों विकल्पों की साइड-बाय-साइड तुलना करके आपको सूचित निर्णय लेने में मदद करता है।
खरीदने के फायदे
- स्वामित्व: लोन चुकाने के बाद वाहन आपका हो जाता है
- कोई किलोमीटर सीमा नहीं: जितना चाहें उतना ड्राइव करें
- कस्टमाइज़ेशन: वाहन में बदलाव कर सकते हैं
- पुनर्विक्रय मूल्य: बाद में बेच सकते हैं
- कोई अंत शुल्क नहीं: लोन समाप्त होने पर कोई अतिरिक्त लागत नहीं
लीज के फायदे
- कम मासिक भुगतान: आमतौर पर EMI से कम
- नई कार हर कुछ साल: नवीनतम तकनीक और सुविधाएं
- वारंटी कवरेज: अधिकांश मरम्मत शामिल
- कम डाउन पेमेंट: कम अग्रिम लागत
- कोई पुनर्विक्रय चिंता नहीं: बस वापस कर दें
कुल स्वामित्व लागत (TCO)
दोनों विकल्पों की वास्तविक तुलना के लिए, कुल स्वामित्व लागत पर विचार करें:
- खरीदने की TCO: डाउन पेमेंट + कुल EMI + ब्याज - पुनर्विक्रय मूल्य
- लीज की TCO: अग्रिम शुल्क + कुल लीज भुगतान + किलोमीटर शुल्क + अंत शुल्क
खरीदना कब बेहतर है?
- आप वाहन को 5+ वर्षों तक रखना चाहते हैं
- आप सालाना 15,000+ किलोमीटर ड्राइव करते हैं
- आप वाहन को कस्टमाइज़ करना चाहते हैं
- आपके पास अच्छा डाउन पेमेंट है
- आप लंबी अवधि में पैसे बचाना चाहते हैं
लीज कब बेहतर है?
- आप हर 2-3 साल में नई कार चाहते हैं
- आप सालाना कम किलोमीटर ड्राइव करते हैं
- आप कम मासिक भुगतान चाहते हैं
- आप रखरखाव की चिंता नहीं करना चाहते
- आप नवीनतम सुरक्षा सुविधाएं चाहते हैं
भारत में कार लीज विकल्प
भारत में कार लीज तीन प्रकार से उपलब्ध है:
- ऑपरेटिंग लीज: कंपनियों के लिए, बीमा और रखरखाव शामिल
- फाइनेंस लीज: अंत में खरीद विकल्प के साथ
- सब्सक्रिप्शन: मासिक शुल्क में सब कुछ शामिल
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
क्या भारत में कार लीज उपलब्ध है?
हां, भारत में कार लीज उपलब्ध है। Maruti Subscribe, Hyundai Subscription, Zoomcar Subscribe जैसे विकल्प मिलते हैं। कॉर्पोरेट लीज भी लोकप्रिय है जहां कंपनियां अपने कर्मचारियों के लिए वाहन लीज करती हैं।
खरीदने और लीज में ब्रेक-ईवन पॉइंट कैसे निर्धारित करें?
ब्रेक-ईवन पॉइंट वह समय है जब खरीदने की कुल लागत लीज से कम हो जाती है। आमतौर पर यह 4-5 वर्षों में होता है, जब लोन चुक जाता है और आपके पास वाहन का स्वामित्व होता है जबकि लीज में आपके पास कुछ नहीं बचता।
लीज में किलोमीटर सीमा से अधिक चलाने पर क्या होता है?
लीज में आमतौर पर वार्षिक किलोमीटर सीमा होती है (जैसे 15,000 किमी/वर्ष)। अधिक चलाने पर अतिरिक्त शुल्क देना होता है, जो ₹5-15 प्रति किलोमीटर हो सकता है। इसलिए अधिक ड्राइव करने वालों के लिए खरीदना बेहतर है।
क्या लीज की गई कार में बदलाव कर सकते हैं?
नहीं, लीज की गई कार में कोई स्थायी बदलाव नहीं कर सकते। कार को उसी स्थिति में वापस करना होता है। कोई भी क्षति या बदलाव के लिए अतिरिक्त शुल्क देना होता है।
कार लोन पर टैक्स बेनिफिट कैसे मिलता है?
व्यक्तिगत उपयोग के लिए कार लोन पर कोई टैक्स बेनिफिट नहीं मिलता। लेकिन बिजनेस उपयोग के लिए, ब्याज और डेप्रिसिएशन को खर्च के रूप में दिखाया जा सकता है। कॉर्पोरेट लीज में पूरा लीज भुगतान खर्च माना जाता है।