लिक्विड फंड क्या हैं?
लिक्विड फंड एक प्रकार के डेट म्यूचुअल फंड हैं जो ट्रेजरी बिल, कमर्शियल पेपर और 91 दिनों तक की मैच्योरिटी वाले सर्टिफिकेट ऑफ डिपॉजिट जैसे अल्पकालिक मार्केट इंस्ट्रूमेंट्स में निवेश करते हैं। ये पारंपरिक सेविंग्स अकाउंट से बेहतर रिटर्न देते हुए उच्च लिक्विडिटी प्रदान करने के लिए डिज़ाइन किए गए हैं।
लिक्विड फंड बनाम सेविंग्स अकाउंट: मुख्य अंतर
रिटर्न तुलना
- लिक्विड फंड: आमतौर पर 6-7% वार्षिक रिटर्न (ऐतिहासिक औसत)
- सेविंग्स अकाउंट: 3-4% ब्याज (बैंक के अनुसार भिन्न)
- अंतर: लिक्विड फंड संभावित रूप से 2-3% अधिक वार्षिक रिटर्न दे सकते हैं
लिक्विडिटी और एक्सेस
- लिक्विड फंड: T+1 दिन रिडेम्पशन। कुछ AMC Rs.50,000 तक इंस्टेंट रिडेम्पशन देते हैं।
- सेविंग्स अकाउंट: ATM, ऑनलाइन बैंकिंग और UPI के माध्यम से 24/7 तत्काल एक्सेस।
टैक्सेशन
- लिक्विड फंड: आपके इनकम टैक्स स्लैब के अनुसार STCG के रूप में टैक्सेबल (अप्रैल 2023 के बाद)।
- सेविंग्स अकाउंट: "अन्य स्रोतों से आय" के रूप में ब्याज टैक्सेबल। Rs.10,000 से अधिक पर TDS।
स्मार्ट रणनीति: हाइब्रिड अप्रोच
- सेविंग्स अकाउंट: तत्काल जरूरतों और दैनिक लेन-देन के लिए 1 महीने का खर्च रखें
- लिक्विड फंड: बेहतर रिटर्न के लिए 3-6 महीने का खर्च इमरजेंसी फंड के रूप में रखें
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
क्या लिक्विड फंड सेविंग्स अकाउंट से ज्यादा सुरक्षित हैं?
सेविंग्स अकाउंट तकनीकी रूप से अधिक सुरक्षित हैं क्योंकि वे DICGC के तहत Rs.5 लाख प्रति बैंक तक बीमित हैं। लिक्विड फंड गारंटीड नहीं हैं लेकिन बेहद कम जोखिम वाले हैं क्योंकि वे उच्च-गुणवत्ता वाले अल्प-अवधि इंस्ट्रूमेंट्स में निवेश करते हैं। व्यवहार में, लिक्विड फंड में नुकसान अत्यंत दुर्लभ हैं।
क्या लिक्विड फंड से कभी भी निकासी कर सकते हैं?
हां, लिक्विड फंड में कोई लॉक-इन अवधि नहीं है। स्टैंडर्ड रिडेम्पशन T+1 दिन (अगले कारोबारी दिन पैसा खाते में) में होता है। कई फंड Rs.50,000 या 90% निवेश तक इंस्टेंट रिडेम्पशन भी देते हैं, जहां पैसा मिनटों में क्रेडिट हो जाता है।
लिक्विड फंड में न्यूनतम निवेश कितना है?
अधिकांश लिक्विड फंड में एकमुश्त के लिए Rs.100-1,000 और SIP के लिए Rs.100-500 न्यूनतम निवेश है। कोई अधिकतम सीमा नहीं है। आप जितना चाहें उतना निवेश कर सकते हैं।
क्या लिक्विड फंड में एक्जिट लोड या पेनल्टी है?
अधिकांश लिक्विड फंड में 7 दिन से अधिक निवेश रहने पर कोई एक्जिट लोड नहीं है। 7 दिन के भीतर रिडीम करने पर कुछ फंड 0.007% प्रति दिन (7 दिनों के लिए लगभग 0.05%) एक्जिट लोड चार्ज करते हैं।
लिक्विड फंड में इमरजेंसी फंड कितना रखना चाहिए?
वित्तीय सलाहकार 3-6 महीने के खर्च इमरजेंसी फंड के रूप में रखने की सलाह देते हैं। स्मार्ट तरीका: तत्काल एक्सेस के लिए 1 महीने का खर्च सेविंग्स अकाउंट में और बेहतर रिटर्न के लिए शेष 2-5 महीने लिक्विड फंड में रखें।
क्या लिक्विड फंड NAV नीचे जा सकता है और मैं पैसे खो सकता हूं?
सैद्धांतिक रूप से हां, लेकिन व्यावहारिक रूप से बहुत दुर्लभ। लिक्विड फंड अत्यंत सुरक्षित, कम-मैच्योरिटी सिक्योरिटीज में निवेश करते हैं। NAV गिरावट असामान्य है और आमतौर पर न्यूनतम (0.01-0.05%) होती है। उच्च AUM, अच्छे ट्रैक रिकॉर्ड और मजबूत फंड हाउस वाले फंड चुनें।
क्या मुझे सेविंग्स अकाउंट को पूरी तरह लिक्विड फंड से बदल देना चाहिए?
नहीं, दोनों रखें। सेविंग्स अकाउंट दैनिक लेन-देन (सैलरी क्रेडिट, बिल भुगतान, UPI ट्रांजैक्शन) के लिए जरूरी है। लिक्विड फंड का उपयोग उस पैसे के लिए करें जो बेकार पड़ा है - आपका इमरजेंसी फंड, अल्पकालिक बचत और अस्थायी कैश पार्किंग। आदर्श विभाजन: सुविधा के लिए 1-2 महीने का खर्च सेविंग्स में और बड़ी बेकार राशि बेहतर रिटर्न के लिए लिक्विड फंड में।